fbpx

चिकनगुनिया और डेंगू से छुटकारा पाने के लिए करें इस चीज का प्रयोग

बरसात एक ऐसा मौसम है जो राहत,हरियाली के साथ साथ जानलेवा मच्छर भी लाता है| बारिश के मौसम में चिकनगुनिया और डेंगू होने के असार हर साल बढ़ जाते हैं| वहीं चिकनगुनिया और डेंगू जैसी बिमारियों से छुटकारा पाने के लिए  गिलोय के प्रयोग किया जाता है| गिलोय औषधीय गुणों वाली एक लता है, जिससे काफी लाभ होता है।आज हम आपको गिलोय के फायदे और इस्तेमाल के तरीके के गिलोय बारे में बताने जा रहे हैं|

कभी न सूखने वाली लता होने के कारण गिलोय को अमृता कहा जाता है। तना और जड़ें औषधीय गुणों से भरपूर होती हैं। गिलोय का सेवन रस, पाउडर या कैप्सूल के रूप में किया जाता है।

प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाए

गिलोय शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाती है। यह एंटीऑक्सिडेंट का पावर हाउस है, जो झुर्रियों से लड़ने और कोशिकाओं को स्वस्थ और निरोग रखने में अहम भूमिका निभाती है। गिलोय टॉक्सिन को शरीर से बाहर निकालने, खून को साफ करने, बीमारियों से लड़ने वाले बैक्टीरिया की रक्षा करने के साथ-साथ मूत्रमार्ग के संक्रमण से भी बचाव करती है।

ये भी पढ़ें :-  Bank Strike:- सावधान! आज है बैंकों की हड़ताल

बुखार की कारगर दवा

गिलोय लंबे समय से रहने वाले बुखार में बेहद असरदार है। यह डेंगू, स्वाइन फ्लू और मलेरिया जैसी घातक बीमारियों में औषधि का काम करती है। यह शरीर में ब्लड प्लेटलेट्स की संख्या और लाल रक्त कोशिकाओं को बढ़ाती है। इसके सेवन से मलेरिया, वायरल बुखार, कालाजार आदि से बचाव होता है।

बुखार में गिलोय का इस्तेमाल

गिलोय से किसी भी तरह के बुखार का इलाज संभव है। इसके लिए गिलोय के एक फुट लंबे तने को छोटे-छोटे टुकड़ों में काट लें। फिर उसे रातभर चार कप पानी में भिगोएं और सुबह उबाल लें। जब काढ़ा चार कप से एक कप हो जाए, तो उसे छन्नी से छान लें। इस काढ़े को आधा कप सुबह और आधा कप शाम में पिएं। ऐसा करने से तीन से सात दिनों के अंदर बुखार उतर जाएगा।

डायबिटीज का इलाज

गिलोय एक हाइपोग्लाइसेमिक एजेंट के रूप में कार्य करती है और विशेष रूप से टाइप 2 डायबिटीज के इलाज में मददगार है। गिलोय का रस रक्त शर्करा के उच्च स्तर को कम करने का काम करता है।

ये भी पढ़ें :-  पहले साइकिल फिर ई-रिक्शा और उसके बाद साइकिल से वोट डालने पहुंचे सीएम खट्टर

पाचन में करे सुधार

पाचन में सुधार और आंत्र संबंधी समस्याओं के इलाज में गिलोय बहुत फायदेमंद है। रोजाना आधा ग्राम गिलोय के साथ आंवला पाउडर लेने से काफी लाभ होता है। कब्ज के इलाज के लिए इसे गुड़ के साथ लेना चाहिए।

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा.