गोवा:कांग्रेस राज्यपाल से मिली तो सत्ता बचाने रणभूमि में उतरे चाणक्य

जब से मनोहर पार्रिकर दिल्ली इलाज करवाने के लिए आए है तभी से गोवा में बड़ी राजनैतिक हलचल देखने को मिल रही है।इस हलचल में सबसे मुख्य रूप से बवाल कांग्रेस मचा रही है जो कि इस मौके का फायदा उठाने के लिए पुरी कोशिश कर रही है।कांग्रेस के विधायकों ने अभी हाल ही में गोवा के राज्यपाल से मुलाकात की है और बीजेपी को बहुमत साबित करने की बात कही है।औऱ इसी रण में अमित शाह भी कुद पड़े है।

यह कदम ऐसे समय उठाया गया है जब 62 वर्षीय मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर अग्नाशय की बीमारी का इलाज कराने के लिए दिल्ली में एम्स में भर्ती हैं। विपक्ष के नेता चंद्रकांत कावलेकर के नेतृत्व में कांग्रेस विधायकों ने मांग की कि राज्यपाल को विधानसभा का एकदिवसीय सत्र बुलाकर बहुमत साबित करवाना चाहिए। कावलेकर ने कहा कि राज्यपाल ने उन्हें आश्वासन दिया कि वह अगले तीन-चार दिनों में इस मुद्दे पर उन्हें अवगत कराएंगी।

राज्यपाल के साथ बैठक के दौरान कांग्रेस विधायकों ने कहा कि 40 सदस्यीय विधानसभा में पर्रिकर के नेतृत्व वाले गठबंधन के पास बहुमत से कम आंकड़े हैं और सरकार बनाने के लिए कांग्रेस के पास आवश्यक संख्या है। गोवा के 40 सदस्यीय सदन में कांग्रेस के 16 विधायक हैं। गोवा फॉरर्वड पार्टी (जीएफपी), महाराष्ट्रवादी गोमांतक पार्टी (एमजीपी), एनसीपी और निर्दलीयों के सहयोग से राज्य का शासन भाजपा चला रही है।

कांग्रेस विधायकों ने राज्यपाल से यह भी अपील की कि विधानसभा भंग नहीं होने दें। राज्य में पिछले वर्ष फरवरी में विधानसभा चुनाव हुए थे। कांग्रेस नेता ने कहा, ‘हम डेढ़ वर्ष के अंदर एक और चुनाव नहीं चाहते हैं।’

कांग्रेस के इसी निर्णय के बाद सत्ता बचाने के लिए राजनीति के चाणक्य कहे जाने वाले अमित शाह भी रणभूमि में कूद पड़े है।अमित शाह ने रविवार को राज्य मंत्री और गोवा फॉरवर्ड पार्टी (जीएफपी) के प्रमुख विजय सरदेसाई से मुलाकात की और उन्हें सूचित किया कि बीजेपी तटीय राज्य में पर्यवेक्षकों की एक टीम भेज रही है.

महाराष्ट्र गोमंतक पार्टी (एमजीपी) के नेता और पीडब्ल्यूडी मंत्री सुदीन धावलकर को मुख्यमंत्री बनाए जाने की अफवाहों के बाद सरकार की सहयोगी गोवा फॉरवर्ड पार्टी के तीन विधायक और तीन निर्दलीय विधायकों ने इस पर नाराजगी जाहिर की थी.

गोवा विधानसभा में सरदेसाई की जीएफपी और धावलिकर की एमजीपी के तीन-तीन विधायक हैं. बीजेपी के 40 विधायकों में 14 विधायक हैं. बीजेपी के पास सहयोगियों और निर्दलीयों को मिलाकर कुल 24 विधायकों का समर्थन प्राप्त है, जबकि विपक्षी कांग्रेस के पास 16 विधायक हैं.

गोवा में कांग्रेस का दावा तेज है और अब देखना होगा की गोवा की सियासत क्या नया रुप लेती है और अमित शाह गोवा में सत्ता बचा पाते है या नहीं।

 

 

Share this...
Share on Facebook
Facebook
Tweet about this on Twitter
Twitter

Sourav Shukla

Sourav Shukla is an Indian Journalist. He is an alumni of ISOMES News 24.

Leave a Reply

Your email address will not be published.